सिपाही अभ्यर्थियों का बड़ा प्रदर्शन, सीएम आवास घेरने को लेकर हड़कंप,पूरे शहर में जाम

राजधानी लखनऊ में आज भारी संख्या में पुलिस अभ्यार्थियों ने पहुँच कर अपना आक्रोश ज़ाहिर किया, साल 2015 और 2016 में निकली सिपाहियों की भर्ती के बाद अब तक परिणाम ना घोषित होने के लेकर सूबे के कई जिलों से सैकड़ो की तादात में पुलिस अभ्यथी चारबाग़ रेलवे स्टेशन पहुँचे। यहां से पुलिस अभ्यर्थियों ने पैदल कूच कर विधानसभा का घेराव किया इसके बाद उन्हें हुसैनगंज और हजरतगंज की पुलिस ने लक्ष्मण मेला मैदान भेज दिया। यहां हजारों की संख्या में पुलिस अभ्यर्थी प्रदर्शनकर सरकार विरोधी नारेबाजी कर रहे हैं। प्रदर्शनकारी मुख्यमंत्री से मिलकर अपनी बात रखना चाहते हैं। प्रदर्शन के दौरान अभ्यर्थियों की पुलिस से झड़प भी होती दिखी। पुलिस अभ्यार्थी सोमनाथ चौहान ने कहा कि उत्तर प्रदेश में समाजवादी सरकार में भर्ती प्रक्रिया में बदलाव कर 34 हज़ार 716 सिपाहियों की भर्ती मामले में आज तक परिणाम घोषित नहीं हुआ। जिसके बाद कई अभ्यार्थियों के भविष्य अंधेरे में है। जिसको लेकर हजारों की संख्या में पुलिस अभ्यार्थी लखनऊ पहुँच कर अपना विरोध ज़ाहिर कर रहे हैं। जिसके बाद पुलिस महकमा भी स्थिति को काबू करने में लगा है। आपको बता दे कि 29 दिसंबर 2015 में भर्ती बोर्ड ने 28916 पुरुष और 5800 महिला सिपाहियों की भर्ती का ऑनलाइन आवेदन डाला था। जिसके बाद 34 हज़ार 716 महिला और पुरुष सिपाहियों ने यूपी पुलिस और पीएसी के लिए चयन हुआ था। लेकिन आज तक उसका परिणाम घोषित नहीं हुआ। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि कुछ लोगों ने प्रदेश सरकार के खिलाफ भर्ती प्रक्रिया को लेकर इलाहबाद हाईकोर्ट में याचिका डाली थी। जिसके बाद 27 मई 2016 में हाईकोर्ट ने उस पर रोक लगा दी और सरकार की तरफ से सफल प्रयास ना होने पर अभी तक उनका सिपाही भर्ती का परिणाम घोषित नहीं हुआ है। प्रदर्शनकारी खुद सीधा मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से मिलना चाहते हैं और हाईकोर्ट में सुरक्षित इस फैसले में सरकार की तरफ से पैरवी करवाना चाहते हैं। साथ ही सरकार के महाधिवक्ता राघवेंद्र सिंह से मुलाकात कर अपनी समस्या भी साझा करना चाहते हैं। लेकिन भारी पुलिस बल उनको लक्ष्मण मेला पहुँचाने में लगा रहा। इसके बाद सुबह से ही पुलिस चारबाग़ रेलवे स्टेशन से लेकर कालिदास मार्ग तक छावनी में तब्दील रहा। आशंका है कि पुलिस अभ्यार्थी अपना मांगो को लेकर विधानसभा और मुख्यमंत्री आवास का घेराव भी कर सकते हैं। सीएम योगी से की भर्ती में हस्तक्षेप की मांग प्रदर्शनकारी लालू पांडेय ने बताया कि पुलिस भर्ती प्रक्रिया पूर्ण करने के लिए धरना प्रदर्शन किया गया। प्रदेश भर से आये हजारों की संख्या में धरना कर रहे लोगों की माने तो 29 दिसंबर 2015 में पुलिस भर्ती तथा प्रोन्नति बोर्ड ने 34716 सिपाहियों की भर्ती के लिए विज्ञापन निकला था। जिसकी विज्ञापन संख्या पीआरपीवी एक-1 (82)2015 थी। सर्वोच्च प्राथमिकता में रखते हुए निश्चित अवधि के भीतर ये भारती प्रक्रिया पूरी होनी थी। प्रदर्शन करने वालों का कहना है कि इस मामले में भर्ती प्रक्रिया पूरी हो रही थी। लेकिन कुछ अराजक तत्व अभ्यार्थी जिनका इस भर्ती से कोई मतलब नहीं था। उन्होंने उच्च न्यायालय में इस मामले में याचिका (संख्या-C 3336/2016) दायर कर दी। इसके बाद 27 मई 2016 को न्यायलय के आदेश पर भर्ती के अंतिम परिणाम को रोक दिया गया था। उन्होंने बताया की शुरूआती दौर में प्रदेश के सरकार अधिवक्ता ने प्रभावी पैरवी की थी। लेकिन वर्तमान में लापरवाही और उचित पैरवी न होने के चलते 28916 पुरुषों और 5800 महिलाओं की भर्ती नही हो पा रही है। प्रदर्शनकारियों का कहना है हम सीएम योगी से इस मामले में सहयोग और हस्तक्षेप करने की मांग कर रहे हैं। जिससे उच्च न्यायालय द्वारा सुरक्षित किये गए भर्ती परिणामों को जारी किया जा सके। जिससे जल्द से जल्द ये भर्ती पूरी हो सके।

News Posted on: 17-01-2018
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