स्प्रिट बिकवाने वाले मस्त, बेचने व पिलाने वालों पर मुकदमा,मजिस्ट्रियल जांच के निर्देश

देवा व रामनगर थानाक्षेत्र में 11 लोगों की स्प्रिट पीने से मौत का मामला

शासन को पूरे मामले पर डीएम ने भेजी रिपोर्ट

नौ शवों का पोस्टमॉर्टम के बाद हुआ अंतिम संस्कार

बाराबंकी : देवा व रामनगर थानाक्षेत्र में बुधवार को हुईं 11 लोगों की मौत मामले में डीएम ने मजिस्ट्रियल जांच के आदेश दिए हैं, साथ ही शासन को अपनी रिपोर्ट भेज दी है। जिसमें स्प्रिट सेवन की बात करते हुए प्रमुख सचिव आबकारी से विभागीय स्तर पर जांच व कार्रवाई की अपेक्षा की गई है। स्प्रिट बेचने वाले लाइसेंसी देवा निवासी मदन और दावत में स्प्रिट पिलाने वाले सलारपुर निवासी राम नरेश के खिलाफ मुकदमा दर्ज करवाने के निर्देश दिए गए हैं। उधर, नौ शवों का पोस्टमॉर्टम के बाद परिवारीजन ने अंतिम संस्कार कर दिया है। पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट में चिकित्सकों ने मौत की वजह विसरा की परीक्षण रिपोर्ट आने के बाद स्पष्ट करने की बात कही है। जिला प्रशासन की ओर से पूरे जिले में स्प्रिट बिक्री और अवैध शराब का सर्च अभियान शुरू किया गया है। स्प्रिट लाइसेंसी को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। जिसमें पता चला है कि स्प्रिट को शीशी में पैक कर उसकी दस रुपये प्रति शीशी की बिक्री की जाती रही है। देवा थाना क्षेत्र के सात गांवों में कोहराम जैसे हालात घटना के दूसरे दिन गुरुवार को बने रहे। शवों का अंतिम संस्कार पुलिस की मौजूदगी में करवाया गया। पीड़ितों का रो-रोकर बुरा हाल था। मौजूदा समय में अब भी पांच लोग अलग-अलग जगह पर इलाज करवा रहे हैं। जिसमें जसनवारा गांव के अनिल की हालत गंभीर बताई जा रही है। जबकि दावत में स्प्रिट पीने और पिलाने वाले राम नरेश व वीरेंद्र तथा विजय का भी लखनऊ के निजी अस्पताल में इलाज चल रहा है। जिला प्रशासन पूरे क्षेत्र में इस घटना की जद में आने वाले परिवारों पर नजर बनाए हुए है। घटना को लेकर डीएम अखिलेश तिवारी व एसपी अनिल कुमार ¨सह ने गुरुवार को पत्रकार वार्ता में बताया कि स्प्रिट का सेवन नशे के लिए करना गलत है। इसलिए सलारपुर निवासी रामनरेश के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई जाएगी। पत्रकार वार्ता में सीएमओ रमेश चंद्र ने बताया कि नौ शवों का पोस्टमॉर्टम कराया गया। सभी का विसरा सुरक्षित किया गया है। विसरा की रिपोर्ट प्रयोगशाला से आने के बाद ही मौत का कारण स्पष्ट होगा। सलारपुर में स्प्रिट पीने की बात सामने आई है। स्प्रिट पीने के लिए नहीं होती है। स्प्रिट मिथाइल एल्कोहल होती है, जिसे पीना नुकसानदायक होता है। मृतकों के परिवारीजन को मिलेगी दो लाख की सहायता : प्रदेश सरकार ने जिले में हुई 11 लोगों की मौतों के मामले में सहायता का एलान किया है। डीएम अखिलेश तिवारी को प्रमुख सचिव सूचना अवनीश अवस्थी ने बताया कि सरकार की ओर से प्रति मृतक के परिवारीजन को दो लाख की सहायता दी जाएगी। इसके अलावा पुलिस अधीक्षक अनिल कुमार ने देवा थाना क्षेत्र में स्प्रिट की बिक्री व दावत में स्प्रिट सेवन की किए जाने की घटना की स्थानीय स्तर पर विभागीय जांच के निर्देश दिए हैं। यह जांच एडिशनल एसपी रैंक के अफसर से करवाई जाएगी। इस जांच में स्थानीय स्तर पर पुलिस की भूमिका की पड़ताल के बाद कार्रवाई की जाएगी।

News Posted on: 11-01-2018
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