पूर्व विधायक सूंदर लाल दीक्षित ने बीजेपी में जन्म दिया स्वर्ण V/S हरिजन की नई खुराफात,MP प्रियंका रावत पर इल्ज़ाम ?

 

पुत्तू अवस्थी का अपमान कर उनकी जान लेने वाले दीक्षित ने बीजेपी में जन्म दिया स्वर्ण V/S हरिजन की नई खुराफात,MP प्रियंका रावत पर लगाया इल्ज़ाम
बाराबंकी-जनता के सम्मान के लिए,भ्रष्टाचार में डूबे अधिकारियो के खिलाफ प्रधानमंत्री मोदी और मुख्यमंत्री योगी की तरह बगैर किसी की परवाह किये हुए जंग लड़ने और अपनी कार्यशैली से चर्चा में रहने वाली भाजपा सांसद प्रियंका सिंह रावत अब भर्ष्ट ब्यूरोक्रेट्स और नेताओं के काकस का निशाना बन रही हैं। 
इस बार सर दर्द पैदा करने के लिए गृह मंत्री राजनाथ सिंह की तौहीन करने वाले,हैदरगढ़ को चमन बनाने के लिए अपनी विधायकी को मुख्यमंत्री के लिए क़ुर्बान करने वाले पुत्तू अवस्थी  से मंच पर उठा पटक कर टेंशन देकर उनकी मौत का सबब बने,बीजेपी कार्यकर्ता रघुराज सिंह  के मकान पर अवैध कब्जा कर हथियाने वाले,तेज़ तर्रार बीजेपी के नेता और समाजसेवी कृष्ण कुमार द्विवेदी राजू भय्या की पत्नी नीलम द्विवेदी का नगर पंचायत हैदेरगढ़ से बीजेपी से टिकट छीनने वाले,इलाके में धन्ना सेठो से वसूली करने में माहिर पूर्व विधायक सूंदर लाल दीक्षित का नया धमाके दार बीजेपी को बदनाम करने वाला कारनामा सामने आ गया हैं।
इन्होंने एक पत्र में सांसद प्रियंका रावत पर गम्भीर आरोप लगाते हुए भाजपा के शीर्ष नेतृत्व से कार्रवाई की मांग की है।दीक्षित ने सांसद पर गम्भीर आरोप लगाते हुए प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ,बीजेपी राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह,मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और प्रदेश अध्यक्ष महेन्द्र नाथ पाण्डेय से सांसद पर कार्रवाई की मांग की है।
दीक्षित ने अपने पत्र में प्रधानमंत्री को याद दिलाया है कि कैसे उनकी मन्शा के उलट सांसद ने अपने ही पिता को अपना प्रतिनिधि बनाकर उनके आदेशों की अवहेलना की थी। तब प्रधानमंत्री के सीधे हस्तक्षेप के बाद सांसद ने अपने फैसले को बदला था। दीक्षित ने प्रधानमंत्री को याद दिलाया कि कैसे सांसद ने उनके ड्रीम प्रोजेक्ट सांसद आदर्श ग्राम योजना का मजाक बना कर गांव गोद लेने के बाद दोबारा गांव की ओर मुड़कर नहीं देखा। दीक्षित ने अपने पत्र में प्रधानमंत्री को इस बात से भी अवगत कराया कि सांसद ने हाल ही में 20,000 स्क्वायर फीट में अपना आलीशान मकान का निर्माण कराया, जो उनकी आय से कई गुना ज्यादा है। इस मकान की वजह से भी सांसद पार्टी की साख को बट्टा लगा रही हैं।
खुद कई अपराधों से लिपटे, अधिकारियो से मारपीट और गालम गलौच खुले आम करने और भिलवाल में हाई कोर्ट के जज की गाड़ी पर पथराव और तोड़फोड़ करने वाले श्री दीक्षित ने अपने पत्र में सांसद पर आपराधिक प्रवृत्ति के लोगों को संरक्षण देने के आरोप लगाते हुए कहा है कि सांसद द्वारा हाल ही में आईएएस और सिरौलीगौसपुर के उपजिलाधिकारी अजय द्विवेदी से चर्चित विवाद इसका जीता जागता उदाहरण है। जिसमे सांसद उस व्यक्ति का पक्ष लेती दिखीं जिसने सरकारी जमीन पर अवैध कब्जा कर रखा था। ऐसे व्यक्ति के लिए सांसद ने अजय द्विवेदी से अभद्रता और हाथापाई की। दीक्षित ने आरोप लगाते हुए कहा कि सांसद का उच्च जाति के अधिकारियों से बहुत रूखा व्यवहार रहा है। बाराबंकी में इससे पहले जिलाधिकारियों में योगेश्वरराम मिश्रा, अजय यादव से विवाद और बाराबंकी में अपर पुलिस अधीक्षक रह चुके कुंवर ज्ञानंजय सिंह को सार्वजनिक तौर पर बेइज्जत करना, आईएएस अजय द्विवेदी से हाल ही में विवाद और मुकदमा लिखे जाने के बाद जिलाधिकारी अखिलेश तिवारी से विवाद इसका प्रत्यक्ष उदाहरण है।
जबकि सूत्रों के मुताबिक हक़ीक़त ये हैं कि सांसद प्रियंका रावत की वजह से प्रतापगढ़ में सीओ जियाउल हक जैसे हत्यकांड की चेला गांव में होने वाली पुर्नवुत्ति को उन्होंने अपनी सूझ बूझ से मौके पर पहुचकर एक आईएएस ट्रेनी अजय द्विवेदी की जान बचाली, और देश और दुनिया मे बाराबंकी पर लगने वाले एक कलंक से बचा लिया।
जिसका एहसास खुद अजय द्विवेदी और राजस्व टीम को भी हैं।लेकिन इतने बड़े कारनामे को अंजाम देने के बाद सांसद प्रियंका को सम्मान देने के बजाए उनको बदनाम करने की साज़िशें चलने लगी।
इल्ज़ाम तराशी करने वाले दीक्षित जो खुद सांसद प्रियंका की सफारी गाड़ी से चलते हैं,और अब सांसद प्रियंका के खिलाफ उस वक़्त मोर्चा खोला है जब सांसद ने  डीएम अखिलेश तिवारी पर भ्रष्ट्रचार का आरोप लगाया है। और sdm सिरौली गौसपुर अजय द्विवेदी को दलित किसान की खड़ी फसल जुतवा देने पर फटकार लगाई थी।
सूंदर लाल ने पत्र में सांसद के खिलाफ कार्रवाई की मांग कर कहा हैं की सांसद पार्टी की गरिमा गिरा रही हैं। सांसद खुद प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री के आदेशों का मज़ाक उड़ा रही हैं। न्यायालय और शासन की मंशा को दरकिनार कर रही है। सांसद की कार्यशैली से सिर्फ भाजपा को नुकसान ही नहीं हो रहा है बल्कि भाजपा की रीति-नीति से अंजान सांसद की कार्यशैली से पार्टी बदनाम भी हो रही है। दीक्षित ने पार्टी नेतृत्व से सांसद पर शीघ्र कार्रवाई करने की मांग की है।
वही दूसरी तरफ सूत्रों के मुताबिक रामनगर से विधायक का टिकट दिलवा कर जितवाने वाली सांसद प्रियंका के प्यारे रहे शरद अवस्थी अब जिस डाल पर बैठे है उसी को काट रहे हैं।दिलो पे अपना राज करने वाले ज़िले के हरदिल अज़ीज़ नेता रहे मरहूम सुरेंद्र नाथ अवस्थी पुत्तू भय्या के सियासी मुकाम पर पहुचने के लिए रामनगर विद्यायक शरद अवस्थी इस तरह की  नई चाल चलकर पूर्व विधायक सूंदर लाल दीक्षित को बलि का बकरा बनाकर चढ़ाये हुए हैं।
सूत्रों की माने तो बीती रात 10 बजे ज़बरदस्त ठंडक में सियासी पारा गर्म करने के लिए 2 गाडियो में भरकर,5-5 हज़ार देकर,मुर्गे और दारू के इंतिज़ाम के साथ,बाराबंकी से हैदरगढ़ सर्किट हाउस,सूंदर लाल दीक्षित के इल्जाम की बाईट लेने के लिए कई ज़मीर फरोश पत्रकार भेजे गए थे।जिसको लेकर हैदरगढ़ के पत्रकारों में गुस्सा,भी है।बीजेपी में हड़कंप मच गया हैं,
वही सांसद प्रियंका रावत से जब इन आरोपो के बारे में पुछा गया तो उन्होने कहा कि मेरे ऊपर लगाये गए सारे आरोप मनगढंत है,निराधार है,कुछ लोग भ्र्ष्ट अधिकारियो के साथ मिलकर दलाली करते है और ऐसे अधिकारियो के साथ मिलकर मुझे बदनाम करने की साजिश हैं।
बीजेपी ज़िला अध्यक्ष अवधेश श्रीवास्तव पूर्व विधायक सूंदर लाल दीक्षित को नसीहत देते हुए कहा कि  पूर्व विधायक ने जो सांसद पर कहा है उस पर इन लोगो को सार्वजनिक बयान से बाज आना चाहिए।

 

News Posted on: 20-12-2017
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